रासायनिक ऊष्मागतिकी (Chemical Thermodynamics) - क्विक रिवीजन एवं सूत्र शीट
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1. मूलभूत अवधारणाएँ (Basic Concepts)
- निकाय (System): ब्रह्मांड का वह भाग जिसका अध्ययन किया जा रहा हो।
- परिवेश (Surroundings): निकाय को छोड़कर ब्रह्मांड का शेष भाग।
- निकाय के प्रकार:
1. खुला निकाय (Open System): ऊर्जा और द्रव्यमान दोनों का आदान-प्रदान होता है।
2. बंद निकाय (Closed System): केवल ऊर्जा का आदान-प्रदान होता है, द्रव्यमान का नहीं।
3. विलगित निकाय (Isolated System): न ऊर्जा और न ही द्रव्यमान का आदान-प्रदान होता है।
- ऊष्मागतिक प्रक्रम (Thermodynamic Processes):
- समतापी प्रक्रम (Isothermal Process): ताप स्थिर रहता है ($\Delta T = 0$).
- रुद्धोष्म प्रक्रम (Adiabatic Process): ऊष्मा का आदान-प्रदान नहीं होता ($q = 0$).
- समदाबी प्रक्रम (Isobaric Process): दाब स्थिर रहता है ($\Delta P = 0$).
- समआयतनिक प्रक्रम (Isochoric Process): आयतन स्थिर रहता है ($\Delta V = 0$).
- चक्रीय प्रक्रम (Cyclic Process): प्रारंभिक व अंतिम अवस्था समान होती है ($\Delta U = 0, \Delta H = 0$).
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2. ऊष्मागतिकी का प्रथम नियम (First Law of Thermodynamics)
- कथन: ऊर्जा को न तो उत्पन्न किया जा सकता है और न ही नष्ट किया जा सकता है, इसे केवल एक रूप से दूसरे रूप में परिवर्तित किया जा सकता है।
- गणितीय रूप:
$$\Delta U = q + w$$
(जहाँ $\Delta U$ = आंतरिक ऊर्जा में परिवर्तन, $q$ = दी गई ऊष्मा, $w$ = निकाय पर किया गया कार्य)
- कार्य ($w$) के सूत्र:
- अनुत्क्रमणीय प्रसार कार्य: $w = -P{ext} \Delta V = -P{ext}(V2 - V1)$
- उत्क्रमणीय समतापी प्रसार कार्य:
$$w{rev} = -2.303 \, nRT \log{10}\left(\frac{V2}{V1}\right) = -2.303 \, nRT \log{10}\left(\frac{P1}{P_2}\right)$$
- रुद्धोष्म प्रक्रम हेतु कार्य: $w = \Delta U$ (चूँकि $q = 0$)
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3. एंथैल्पी (Enthalpy - H)
- परिभाषा: स्थिर दाब पर निकाय की कुल ऊष्मा सामग्री को एंथैल्पी कहते हैं।
- सूत्र: $H = U + PV$
- एंथैल्पी परिवर्तन ($\Delta H$):
$$\Delta H = \Delta U + P\Delta V$$
- गैसीय अभिक्रियाओं के लिए संबंध:
$$\Delta H = \Delta U + \Delta n_g RT$$
(जहाँ $\Delta n_g = \text{उत्पाद के गैसीय मोलों की संख्या} - \text{अभिकारक के गैसीय मोलों की संख्या}$)
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4. ऊष्माधारिता (Heat Capacity)
- ऊष्माधारिता ($C$): $C = \frac{q}{\Delta T}$
- स्थिर आयतन पर मोलर ऊष्माधारिता ($Cv$): $Cv = \left(\frac{\Delta U}{\Delta T}\right)_v$
- स्थिर दाब पर मोलर ऊष्माधारिता ($Cp$): $Cp = \left(\frac{\Delta H}{\Delta T}\right)_p$
- मेयर का संबंध (Mayer's Relation):
$$Cp - Cv = R$$
(जहाँ $R$ = सार्वत्रिक गैस नियतांक $= 8.314 \text{ J K}^{-1} \text{ mol}^{-1}$)
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5. ऊष्मारसायन के नियम (Laws of Thermochemistry)
- हेस का स्थिर ऊष्मा संकलन का नियम (Hess's Law):
किसी रासायनिक अभिक्रिया में एंथैल्पी परिवर्तन हमेशा समान रहता है, चाहे अभिक्रिया एक पद में संपन्न हो या अनेक पदों में।
$$\Delta H = \Delta H1 + \Delta H2 + \Delta H_3 + ...$$
- अभिक्रिया एंथैल्पी ($\Delta_r H^\circ$):
$$\Deltar H^\circ = \sum \Deltaf H^\circ (\text{उत्पाद}) - \sum \Delta_f H^\circ (\text{अभिकारक})$$
- बंध एंथैल्पी द्वारा $\Delta_r H^\circ$ की गणना:
$$\Delta_r H^\circ = \sum \text{बंध एंथैल्पी} (\text{अभिकारक}) - \sum \text{बंध एंथैल्पी} (\text{उत्पाद})$$
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6. ऊष्मागतिकी का द्वितीय नियम एवं एंट्रॉपी (Second Law & Entropy)
- एंट्रॉपी ($S$): यह निकाय की अव्यवस्था या यादृच्छिकता (randomness) की माप है।
- एंट्रॉपी परिवर्तन ($\Delta S$):
$$\Delta S = \frac{q_{rev}}{T}$$
- द्वितीय नियम का कथन: किसी भी स्वतः प्रवर्तित (Spontaneous) प्रक्रम के लिए ब्रह्मांड की कुल एंट्रॉपी हमेशा बढ़ती है।
$$\Delta S{total} = \Delta S{system} + \Delta S_{surroundings} > 0$$
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7. गिब्स मुक्त ऊर्जा (Gibbs Free Energy - G)
- परिभाषा: निकाय की वह ऊर्जा जो उपयोगी कार्य में परिवर्तित हो सकती है।
- सूत्र: $G = H - TS$
- गिब्स-हेल्महोल्ट्ज़ समीकरण:
$$\Delta G = \Delta H - T\Delta S$$
- प्रक्रम की स्वतःप्रवर्तिता (Spontaneity) के नियम:
1. यदि $\Delta G < 0$ (ऋणात्मक) $\rightarrow$ प्रक्रम स्वतः प्रवर्तित है।
2. यदि $\Delta G > 0$ (धनात्मक) $\rightarrow$ प्रक्रम अ-स्वतः प्रवर्तित है।
3. यदि $\Delta G = 0$ $\rightarrow$ निकाय साम्यावस्था में है।
- गिब्स मुक्त ऊर्जा और साम्य स्थिरांक ($K$) में संबंध:
$$\Delta G^\circ = -RT \ln K = -2.303 \, RT \log_{10} K$$
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8. ऊष्मागतिकी का तृतीय नियम (Third Law of Thermodynamics)
- कथन: परम शून्य ताप ($0 \text{ K}$ या $-273.15^\circ \text{C}$) पर किसी शुद्ध क्रिस्टलीय पदार्थ की एंट्रॉपी का मान शून्य होता है।
- गणितीय रूप: $\lim_{T \to 0} S = 0$
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महत्वपूर्ण संकेत और चिह्न परिपाटी (Sign Conventions)
| राशि | चिन्ह (+ve) | चिन्ह (-ve) |
| :--- | :--- | :--- |
| ऊष्मा ($q$) | निकाय द्वारा अवशोषित | निकाय द्वारा उत्सर्जित |
| कार्य ($w$) | निकाय पर किया गया कार्य (संपीड़न) | निकाय द्वारा किया गया कार्य (प्रसार) |
| $\Delta H$ | ऊष्माशोषी अभिक्रिया (Endothermic) | ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया (Exothermic) |
| $\Delta G$ | अ-स्वतः प्रक्रम | स्वतः प्रक्रम |