मुख्य सूत्र (Key Formulas)
त्वरित संशोधन नोट्स (Quick Revision Notes)
कक्षा: 11वीं जीव विज्ञान (Biology)
अध्याय: रासायनिक समन्वय तथा एकीकरण (Chemical Coordination and Integration)
---
1. परिचय (Introduction)
- अंतःस्रावी तंत्र (Endocrine System): शरीर में तंत्रिका तंत्र और अंतःस्रावी तंत्र मिलकर संयुक्त रूप से शारीरिक कार्यों का नियंत्रण और समन्वय करते हैं।
- हार्मोन (Hormone): ये गैर-पोषक रसायन होते हैं जो अंतर-कोशकीय संदेशवाहक के रूप में बहुत कम मात्रा में स्रावित होते हैं।
---
2. हाइपोथैलेमस (Hypothalamus)
- यह अग्र मस्तिष्क का आधार भाग है।
- यह कई प्रकार के हार्मोन (मोचकान और रोधक हार्मोन) स्रावित करता है जो पिट्यूटरी ग्रंथि के स्राव को नियंत्रित करते हैं।
- उदाहरण:
- गोनाडोट्रोपिन रिलीजिंग हार्मोन (GnRH) - LH और FSH के स्राव को प्रेरित करता है।
- सोमैटोस्टैटिन - ग्रोथ हार्मोन के स्राव को रोकता है।
---
3. पीयूष ग्रंथि (Pituitary Gland)
इसे 'मास्टर ग्रंथि' भी कहते हैं। इसे दो भागों में बांटा गया है:
#### (क) एडेनोहाइपोफाइसिस (अग्र पीयूष) - Adenohypophysis
- ग्रोथ हार्मोन (GH): शरीर की सामान्य वृद्धि को नियंत्रित करता है। (इसकी कमी से 'बौनापन' और अधिकता से 'विशालकायता' होती है)।
- प्रोलैक्टिन (Prolactin): स्तन ग्रंथियों की वृद्धि और दुग्ध निर्माण को प्रेरित करता है।
- थायरॉइड उत्तेजक हार्मोन (TSH): थायरॉइड ग्रंथि से हार्मोन स्राव को प्रेरित करता है।
- एड्रेनोकोर्टिकोट्रोफिक हार्मोन (ACTH): एड्रिनल कॉर्टेक्स को प्रेरित करता है।
- ल्यूटिनाइजिंग हार्मोन (LH) और फॉलिकल स्टिम्युलेटिंग हार्मोन (FSH): इन्हें गोनाडोट्रोपिन कहते हैं, जो जनन अंगों को नियंत्रित करते हैं।
#### (ख) न्यूरोहाइपोफाइसिस (पश्च पीयूष) - Neurohypophysis
- ऑक्सीटोसिन (Oxytocin): बच्चे के जन्म के समय गर्भाशय में संकुचन और स्तन से दुग्ध निष्कासन में सहायक।
- वैसोप्रेसिन (Vasopressin / ADH): वृक्क (Kidney) द्वारा पानी के पुनः अवशोषण को नियंत्रित करता है, जिससे मूत्र की मात्रा कम होती है।
---
4. पीनियल ग्रंथि (Pineal Gland)
- यह अग्र मस्तिष्क के पृष्ठीय भाग पर स्थित होती है।
- यह मेलटोनिन (Melatonin) नामक हार्मोन स्रावित करती है।
- कार्य: शरीर की 24 घंटे की (दैनिक/डाइटर्नल) ताल, जैसे सोने-जागने का चक्र और शरीर के तापमान को नियंत्रित करना।
---
5. थायरॉइड ग्रंथि (Thyroid Gland)
- यह श्वास नली के दोनों ओर स्थित होती है।
- हार्मोन: थायरोक्सिन (T4) और ट्राईआयोडोथायरोनिन (T3)।
- तत्व: इसके निर्माण के लिए आयोडिन आवश्यक है।
- कार्य:
- आधारीय उपापचय दर (BMR) का नियमन।
- लाल रक्त कणिकाओं (RBC) के निर्माण में सहायता।
- विकार:
- घेंघा (Goitre): भोजन में आयोडीन की कमी से।
- अवधुता (Hypothyroidism): गर्भावस्था में इसकी कमी से 'क्रीटिनिज़्म' (बौनापन और मानसिक मंदता)।
---
6. पैराथायरॉइड ग्रंथि (Parathyroid Gland)
- थायरॉइड ग्रंथि के पीछे स्थित होती हैं।
- यह पैराथॉर्मोन (PTH) स्रावित करती है।
- कार्य: यह रक्त में कैल्शियम के स्तर को बढ़ाती है (हाइपरकैल्सेमिक हार्मोन)। यह हड्डियों से कैल्शियम के अवशोषण को प्रेरित करती है।
---
7. थाइमस ग्रंथि (Thymus Gland)
- यह फेफड़ों के बीच और उरोस्थि के पीछे स्थित होती है।
- यह थाइमोसिन (Thymosins) हार्मोन स्रावित करती है।
- कार्य: कोशिका आधारित प्रतिरक्षा (Cell-mediated immunity) के लिए T-लम्फोसाइट्स के विभेदन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। वृद्धावस्था में यह ग्रंथि लुप्त हो जाती है।
---
8. एड्रिनल ग्रंथि (Adrenal Gland)
प्रत्येक वृक्क के ऊपर स्थित होती है। इसके दो भाग होते हैं:
#### (क) एड्रिनल कॉर्टेक्स (बाहरी भाग)
- ग्लूकोकोर्टिकोइड्स (जैसे कोर्टिसोल): कार्बोहाइड्रेट उपापचय और सूजन को नियंत्रित करता है।
- मिनरलोकोर्टिकोइड्स (जैसे एल्डोस्टेरोन): शरीर में जल और खनिजों (Na+, K+) के संतुलन को नियंत्रित करता है।
#### (ख) एड्रिनल मेडुला (आंतरिक भाग)
- यह एड्रिनलीन (Adrenaline / Epinephrine) और नॉरएड्रिनलीन (Noradrenaline) स्रावित करती है।
- इन्हें 'आपातकालीन हार्मोन' (Emergency Hormones) या 'फाइट या फ्लाइट' (Fight or Flight) हार्मोन कहा जाता है।
- कार्य: संकटकालीन स्थिति में हृदय की धड़कन, श्वसन दर और रक्तचाप को बढ़ाना।
---
9. अग्नाशय (Pancreas) - अंतःस्रावी भाग
अग्नाशय एक मिश्रित ग्रंथि है। इसका अंतःस्रावी भाग 'लैंगरहैंस की द्वीपिकाएँ' (Islets of Langerhans) कहलाता है, जिसमें दो मुख्य कोशिकाएँ होती हैं:
1. अल्फा कोशिकाएँ (Alpha cells): ग्लूकागन (Glucagon) स्रावित करती हैं। यह रक्त में शर्करा का स्तर बढ़ाती है (हाइपरग्लाइसेमिक)।
2. बीटा कोशिकाएँ (Beta cells): इंसुलिन (Insulin) स्रावित करती हैं। यह रक्त में शर्करा का स्तर घटाती है (हाइपोग्लाइसेमिक)।
- विशेष विकार: इंसुलिन की कमी या प्रभावशीलता कम होने से मधुमेह (Diabetes Mellitus) रोग हो जाता है, जिसमें रक्त में ग्लूकोज की मात्रा बढ़ जाती है।
---
10. वृषण और अंडाशय (Gonads)
#### (क) वृषण (Testis - नर जनन अंग)
- यह एंड्रोजन (मुख्य रूप से टेस्टोस्टेरोन) स्रावित करता है।
- कार्य: नर द्वितीयक लैंगिक लक्षणों (दाढ़ी-मूंछ, आवाज का भारी होना) का विकास और शुक्राणु जनन को प्रेरित करना।
#### (ख) अंडाशय (Ovary - मादा जनन अंग)
- यह इस्ट्रोजन (Estrogen) और प्रोजेस्टेरोन (Progesterone) स्रावित करता है।
- कार्य:
- इस्ट्रोजन: मादा द्वितीयक लैंगिक लक्षणों और गर्भाशय की वृद्धि का नियंत्रण।
- प्रोजेस्टेरोन: गर्भधारण (Pregnancy) को बनाए रखने के लिए मुख्य हार्मोन।
---
11. अन्य अंगों के हार्मोन (Hormones of Other Organs)
- हृदय (Heart): आलिंदी नैट्रियूरेसिस कारक (ANF) स्रावित करता है जो रक्तचाप को कम करता है।
- वृक्क (Kidney): एरिथ्रोपोएटिन (Erythropoietin) स्रावित करता है जो RBC के निर्माण (Erythropoiesis) को प्रेरित करता है।
- जठर आंत्र पथ (Gastrointestinal Tract): गैस्ट्रिन, सेक्रेटिन, और कोलेसिस्टोकाइनिन (CCK) जैसे पाचक हार्मोन स्रावित करता है।
---
12. हार्मोन की क्रिया-विधि (Mechanism of Hormone Action)
हार्मोन अपने लक्ष्य कोशिकाओं (Target cells) पर विशिष्ट हार्मोन रीसेप्टर (Hormone Receptors) से जुड़कर क्रिया करते हैं:
1. झिल्ली-ग्राही (Membrane-bound receptors): प्रोटीन हार्मोन के लिए (कोशिका झिल्ली पर)। ये द्वितीयक संदेशवाहकों (जैसे cAMP, Ca++) का उपयोग करते हैं।
2. अंतःकोशकीय ग्राही (Intracellular receptors): स्टेरॉयड हार्मोन के लिए (कोशिका के अंदर/केंद्रक में)। ये सीधे जीन अभिव्यक्ति (Gene expression) को नियंत्रित करते हैं।
माइंड मैप चार्ट (Mind Map Chart)
📍 रासायनिक समन्वय तथा एकीकरण
परिचय और मूल अवधारणाएं
अंतःस्रावी तंत्र की आवश्यकता
तंत्रिका तंत्र की सीमाएं
रासायनिक संदेश वाहक (हार्मोन) की परिभाषा
मानव अंतःस्रावी ग्रंथि और हार्मोन
हाइपोथैलेमस
न्यूरोहार्मोन्स (मोचक और संदमक हार्मोन)
पीयूष ग्रंथि (पिट्यूटरी ग्रंथि)
अग्र पीयूष (GH, TSH, ACTH, PRL, LH, FSH)
पश्च पीयूष (ऑक्सीटोसिन, वैसोप्रेसिन/ADH)
पीनियल ग्रंथि
मेलाटोनिन (दैनिक लय/सर्काडियन रिदम)
थायराइड ग्रंथि (अवटु ग्रंथि)
थायराक्सिन (T3, T4) - उपापचय नियंत्रण
कैल्सीटोनिन - कैल्सियम नियमन
पैराथायराइड ग्रंथि (पराअवटु ग्रंथि)
पैराथॉर्मोन (PTH) - रक्त में कैल्सियम बढ़ाना
थाइमस ग्रंथि
थाइमोसिन - प्रतिरक्षा तंत्र में भूमिका (T-लम्फोसाइट्स)
अधिवृक्क ग्रंथि (एड्रेनल ग्रंथि)
अधिवृक्क वल्कुट (कोर्टिसोल, एल्डोस्टेरॉन)
अधिवृक्क मज्जा (एड्रेनालाईन, नॉरएड्रेनालाईन - आपातकालीन हार्मोन)
अग्न्याशय (लैंगरहैंस की द्वीपिकाएँ)
इंसुलिन (रक्त शर्करा घटाना)
ग्लूकागॉन (रक्त शर्करा बढ़ाना)
वृषण (नर जनन अंग)
टेस्टोस्टेरॉन (एंड्रोजन)
अंडाशय (मादा जनन अंग)
एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन
हार्मोन की क्रिया विधि
लक्ष्य ऊतक और ग्राही (रिसेप्टर्स)
झिल्ली-बद्ध ग्राही (पेप्टाइड हार्मोन)
अंतःकोशिकी ग्राही (स्टेरॉयड हार्मोन)
द्वितीयक संदेश वाहक (जैसे cAMP) की भूमिका
हार्मोनल असंतुलन से होने वाले रोग
मधुमेह (डाइविटिज़ मेलिटस) - इंसुलिन की कमी
घेंघा / गॉइटर - आयोडीन की कमी
बौनापन और विरटिज्म (GH असंतुलन)
एक्रोमेगाली और क्रेटिनिज्म
महत्वपूर्ण बोर्ड प्रश्न (Important Board Questions)
उत्तर (Answer): ग्लूकोकॉर्टिकोइड्स (जैसे कोर्टिसोल) ग्लूकोनियोजेनेसिस (अमीनो एसिड और वसा जैसे गैर-कार्बोहाइड्रेट स्रोतों से ग्लूकोज का निर्माण), लिपोलाइसिस और प्रोटीोलिसिस को उत्तेजित करते हैं; और अमीनो एसिड के कोशिकीय ग्रहण और उपयोग को रोकते हैं।
उत्तर (Answer): अग्र पीयूष ग्रंथि द्वारा स्रावित एड्रेनोकॉर्टिकोट्रोफिक हार्मोन (ACTH) एड्रेनल कॉर्टेक्स से ग्लूकोकॉर्टिकोइड्स नामक स्टेरॉयड हार्मोन के संश्लेषण और स्राव को उत्तेजित करता है।
उत्तर (Answer): वासोप्रेसिन या एंटीडाईयूरेटिक हार्मोन (ADH) की कमी से डाइबिटीज इनसिपिडस नामक स्थिति उत्पन्न होती है, जिसकी विशेषता अत्यधिक प्यास और बड़ी मात्रा में पतले मूत्र का उत्सर्जन है।
उत्तर (Answer): जो हार्मोन झिल्ली-बद्ध रिसेप्टर्स से बंधते हैं, वे आमतौर पर लक्षित कोशिका में प्रवेश नहीं करते हैं, बल्कि दूसरे संदेशवाहक (जैसे चक्रीय AMP, IP3, Ca2+) उत्पन्न करते हैं जो कोशिकीय चयापचय को नियंत्रित करते हैं।
उत्तर (Answer): जो हार्मोन अंतःकोशिकीय रिसेप्टर्स के साथ बातचीत करते हैं (जैसे, कोर्टिसोल, टेस्टोस्टेरोन, एस्ट्राडियोल और प्रोजेस्टेरोन जैसे स्टेरॉयड हार्मोन, और आयोडोथायरोनिन), वे ज्यादातर जीनोम के साथ हार्मोन-रिसेप्टर कॉम्प्लेक्स की बातचीत द्वारा जीन अभिव्यक्ति या गुणसूत्र फ़ंक्शन को नियंत्रित करते हैं।
उत्तर (Answer): गुर्दे की जक्सटाग्लोमेरुलर कोशिकाएं एरिथ्रोपायोटेन नामक एक पेप्टाइड हार्मोन का उत्पादन करती हैं जो एरिथ्रोपोएसीस (लाल रक्त कोशिकाओं के निर्माण) को उत्तेजित करता है।
उत्तर (Answer): हमारे हृदय की आलिंद भित्ति एट्रियल नैट्रिएटिक फैक्टर (ANF) नामक एक बहुत ही महत्वपूर्ण पेप्टाइड हार्मोन स्रावित करती है, जो रक्तचाप को कम करता है। जब रक्तचाप बढ़ता है, तो ANF स्रावित होता है जो वासोडिलेशन (रक्त वाहिकाओं का फैलाव) का कारण बनता है और इस प्रकार रक्तचाप को कम करता है।
उत्तर (Answer): प्रोजेस्टेरोन एक स्टेरॉयड हार्मोन है जो मुख्य रूप से अंडाशय में कॉर्पस ल्यूटियम द्वारा स्रावित होता है। यह गर्भावस्था का समर्थन करता है और स्तन ग्रंथियों पर कूपिकाओं (दूध स्रावित करने वाली ग्रंथियों) के निर्माण और दूध के स्राव को उत्तेजित करने के लिए भी कार्य करता है।
उत्तर (Answer): टेस्टोस्टेरोन एक स्टेरॉयड हार्मोन है जिसे वृषण के अंतरालीय स्थानों में मौजूद लेडिग कोशिकाओं (अंतरालीय कोशिकाओं) द्वारा संश्लेषित और स्रावित किया जाता है। यह पुरुष सहायक सेक्स अंगों के परिपक्वता और शुक्राणुजनन को नियंत्रित करता है।
उत्तर (Answer): अग्नाशय के अंतःस्रावी भाग में लैंगरहैंस की द्वीपिकाएं होती हैं। एक सामान्य मानव अग्नाशय में लगभग 1 से 2 मिलियन लैंगरहैंस द्वीपिकाएं होती हैं। लैंगरहैंस की द्वीपिकाओं की अल्फा कोशिकाएं ग्लूकागन नामक हार्मोन का स्राव करती हैं, जबकि बीटा कोशिकाएं इंसुलिन का स्राव करती हैं।
उत्तर (Answer): लंबे समय तक हाइपरग्लाइसीमिया रहने से मधुमेह (डाइबिटीज मेलिटस) नामक एक जटिल विकार होता है जो मूत्र के माध्यम से ग्लूकोज के नुकसान और कीटोन बॉडीज के रूप में जाने जाने वाले हानिकारक यौगिकों के निर्माण से जुड़ा होता है। मधुमेह रोगियों का सफलतापूर्वक इलाज इंसुलिन थेरेपी से किया जाता है।
उत्तर (Answer): इंसुलिन एक पेप्टाइड हार्मोन है, जो ग्लूकोज होमियोस्टैसिस के नियमन में प्रमुख भूमिका निभाता है। इंसुलिन मुख्य रूप से हेपैटोसाइट्स और एडिपोसाइट्स (कोशिकीय ग्रहण और उपयोग) पर कार्य करता है और सेलुलर ग्लूकोज ग्रहण और उपयोग को बढ़ाता है, जिससे रक्त में ग्लूकोज का स्तर कम हो जाता है (हाइपोग्लाइसीमिया)।
उत्तर (Answer): एड्रेनल मेडुला एड्रेनालाईन (एपिनेफ्राइन) और नॉरएड्रेनालाईन (नॉरएपिनेफ्राइन) स्रावित करता है जिन्हें आमतौर पर कैटेकोलामाइन्स कहा जाता है। इन्हें किसी भी प्रकार के तनाव की प्रतिक्रिया में और आपातकालीन स्थितियों के दौरान तेज़ी से स्रावित किया जाता है और इन्हें आपातकालीन हार्मोन या 'लड़ो या भागो' के हार्मोन कहा जाता है।
उत्तर (Answer): थाइमस ग्रंथि पेप्टाइड हार्मोन थाइमोसिन का स्राव करती है। थाइमोसिन टी-लिम्फोसाइट्स के विभेदन में प्रमुख भूमिका निभाते हैं, जो कोशिका-मध्यस्थता प्रतिरक्षा प्रदान करते हैं। वे humoral प्रतिरक्षा के लिए एंटीबॉडी उत्पादन को भी बढ़ावा देते हैं।
उत्तर (Answer): पैराथायराइड हार्मोन (PTH) एक हाइपरकैल्सेमिक हार्मोन है। यह हड्डियों पर कार्य करके (हड्डियों के पुनअवशोषण/खनिज क्षय को उत्तेजित करके) और वृक्क नलिकाओं द्वारा Ca2+ के पुनअवशोषण और पचे हुए भोजन से Ca2+ के पाचन/अवशोषण द्वारा रक्त में Ca2+ के स्तर को बढ़ाता है।